जीते रहने की कोई वजह नहीं पर ज़िन्दगी बेवजह तो नहीं!

जीते रहने की कोई वजह नहीं पर ज़िन्दगी बेवजह तो नहीं!

साधो ये मुरदों का गांव

साधो ये मुरदों का गांव कबीर पीर मरे पैगम्बर मरिहैं मरि हैं जिन्दा जोगी

प्रेम गीतों को आध्यात्मिक ढंग से महसूसना!

Tu es tarah se meri zindgi mei shaamil hai…

सुबह और संगीत : भड़ासी स्टाइल में गायन का लुत्फ लेवें… :)

सुबह जब सो कर उठता हूं तो दिल दिमाग सबसे पवित्रतम मोड में होता है, लगता…

उदासी भरे दिन कभी तो ढलेंगे…

कहां तक ये मन को, अंधेरे छलेंगे, उदासी भरे दिन, कभी तो ढलेंगे… कई फिल्मी गीत…

वक़्त ने हमको सब्र सिखाया!

फ़िक्र दे देकर बेफ़िक्र बनाया! वक़्त ने हमको सब्र सिखाया! (मैनपुरी से एक शादी समारोह से…

ना सोना साथ जाएगा ना चांदी जाएगी…

छोटा सा तू कितने बड़े अरमान हैं तेरे मिट्टी का तन सोने के घरबार हैं तेरे…

संगम तीरे न होने का दुख

अच्‍छा खासा जी-खा रहा हूं. फिर भी खुद को दुखी पा रहा हूं. दुख-सुख रोज की…

कोई ले जाए पकड़ कर आदम जात से दूर…

हर तरफ केवल और केवल जाने क्यूं आदम जात की बात हो रही है… हर तरफ…

तेरी कारीगरी पर फ़िदा हूं दोस्त…

उपरोक्त तस्वीर को फेसबुक पर ”आजकल मेरी हालत ऐसी है” शीर्षक से डाला तो तरह तरह…